Kuchaman City is a city and a municipality in Nagaur District in the Indian State of Rajasthan. The city has a few Havelis in the Shekhawati style and a fort overlooking city on a Hill top. This fort is about 1100 years old built 9th century AD by Rathore rulers Zalim Singh of the area.Recently the shooting of the movie 'DRONA' starring Abhishek Bachan and Priyanka chopra was done in the fort which will further make this fort a huge tourist attraction.
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Monday, July 28, 2014
Friday, May 9, 2014
Monday, March 3, 2014
Friday, January 31, 2014
नावां-कुचामन के बीच रोडवेज बस चलाने की मांग
जिला कलक्टर डॉ. वीना प्रधान ने राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक भास्कर ए. सावंत को पत्र लिख कर नावां एवं कुचामनसिटी के बीच निगम की बस संचालित करने का अनुरोध किया है। गुरूवार को प्रबंध निदेशक को लिखे पत्र में जिला कलक्टर ने कहा है कि नावां एवं कुचामनसिटी के मध्य निगम की बस संचालित नहीं होती है जिस कारण यहां के निवासियों को मजबूरन निजी बसों तथा जीप, बोलेरो और जुगाड़ जैसे वाहनों में यात्रा करनी पड़ती है।
ऐसे निजी वाहन मालिक क्षमता से अधिक मात्रा में सवारियां भरकर ले जाते हैं जिससे कई बार दुर्घटनाएं घटित हो चुकी हैं। जिला कलक्टर ने अपने पत्र में हाल ही 27.01.2014 को घटित जीप-ट्रक हादसे का भी हवाला दिया है जिसमें 10 लोगों की मृत्यु हो गई थी। जिला कलक्टर ने प्रबंध निदेशक से लगभग 25 किलोमीटर की इस दूरी पर बस संचालन का अनुरोध किया है ताकि इस रूट पर यात्रा की सुविधा मिल सके।
Source - Nagaur Live
Thursday, January 30, 2014
Tuesday, December 24, 2013
Wednesday, October 23, 2013
कुचामन की जख्मी सड़कों को मरहम की जरूरत
शहर के कई स्थानों पर जख्मी सड़कों को मरहम की जरूरत है,लेकिन इस ओर नगरपालिका का किसी प्रकार का ध्यान नहीं है।
सड़के कई जगहों से खड्ड़ों में तब्दील हो चुकी है। गहरे खड्ड़ों केकारण आए दिन छोटे-बड़े हादसे होना आम बात हो गई है। इससम्बध में शहर के लोगों ने पालिका के कमर्चारियों एवं पालिकाध्यक्षको कई बार सूचित करवा दिया गया। लेकिन ध्यान ही नहीं दिया जारहा हैं। लेकिन जख्मी सड़कों का दर्द अब नासुर बन गया है। लोगोंने कहा कि अतिमहत्वपूर्ण चिकित्सालय मार्ग की सड़क जो खाफीक्षतिग्रस्त हो चुकी है।
एक-दूसरे विभाग पर थोप रहे हैं जिम्मेदारी : इस सम्बध में नगरपालिका के अधिकारियों से बात की गई तो पालिका केअधिकारियों ने पीडब्लुडी विभाग की सड़क होने को कहा पल्ला झाड़ लेते है।
वहीं इस सम्बध में पीडब्लुडी विभाग से बात की जाती है तो नगरपालिका का नाम लेकर किनारा कर लेते है।
कौन होगा इन सड़कों का मालिक : शहर के मुख्य मार्ग डीडवाना रोड, सीकर बाई पास रोड, अस्पताल रोड जहां हजारों की तादातमें वाहन मरीजों को लेकर आवागमन करते है। लेकिन इन जख्मी सड़कों पर कोई भी मरहम लगाने को तैयार नहीं है। इसकाखामियाजा राहगिरों को उठाना पड़ रहा हैं। चिकित्सालय मार्ग की हालत तो इतनी बदतर हो गई हैं कि अगर मरीज को गाड़ी में यापैदल लेकर जाए तो बिमारी ओर ज्यादा बढ़ जाती है।
सड़के कई जगहों से खड्ड़ों में तब्दील हो चुकी है। गहरे खड्ड़ों केकारण आए दिन छोटे-बड़े हादसे होना आम बात हो गई है। इससम्बध में शहर के लोगों ने पालिका के कमर्चारियों एवं पालिकाध्यक्षको कई बार सूचित करवा दिया गया। लेकिन ध्यान ही नहीं दिया जारहा हैं। लेकिन जख्मी सड़कों का दर्द अब नासुर बन गया है। लोगोंने कहा कि अतिमहत्वपूर्ण चिकित्सालय मार्ग की सड़क जो खाफीक्षतिग्रस्त हो चुकी है।
एक-दूसरे विभाग पर थोप रहे हैं जिम्मेदारी : इस सम्बध में नगरपालिका के अधिकारियों से बात की गई तो पालिका केअधिकारियों ने पीडब्लुडी विभाग की सड़क होने को कहा पल्ला झाड़ लेते है।
वहीं इस सम्बध में पीडब्लुडी विभाग से बात की जाती है तो नगरपालिका का नाम लेकर किनारा कर लेते है।
कौन होगा इन सड़कों का मालिक : शहर के मुख्य मार्ग डीडवाना रोड, सीकर बाई पास रोड, अस्पताल रोड जहां हजारों की तादातमें वाहन मरीजों को लेकर आवागमन करते है। लेकिन इन जख्मी सड़कों पर कोई भी मरहम लगाने को तैयार नहीं है। इसकाखामियाजा राहगिरों को उठाना पड़ रहा हैं। चिकित्सालय मार्ग की हालत तो इतनी बदतर हो गई हैं कि अगर मरीज को गाड़ी में यापैदल लेकर जाए तो बिमारी ओर ज्यादा बढ़ जाती है।
Source - Morning News
Tuesday, October 22, 2013
कुचामन के वरिष्ठ चित्रकार गिरीश चौरसिया की कला प्रदर्शनी जयपुर में शुरू
जलरंग माध्यम से उकेरे मनोरम दृश्य
शहर के वरिष्ठ चित्रकार गिरीश चौरसिया के चित्रों कर प्रदर्शनी सोमवार को जयपुर के राजपूताना शेरेटन होटल में शुरू हुई। चित्र प्रदर्शनी का उद्घाटन राजस्थान सरकार में कला-सांस्कृतिक सचिव डॉ. किरण सोनी गुप्ता ने किया। इस मौके पर जयपुर के कई वरिष्ठ चित्रकार मौजूद थे।
अलंकृति ग्रुप द्वारा द्वारा आयोजित इस कला प्रदर्शनी में अन्तर्राष्ट्रीय चित्रकार कलाविद् राम जैसवाल तथा बीसी गहलोत के चित्र भी प्रदर्शित है। कला प्रदर्शनी में प्रदर्शित चित्रों में गिरीश चौरसिया ने जलरंग माध्यम में आनासागर-अजमेर, फोर्ट-कुचामनसिटी, नक्की झील-माउण्ट आबू, काव्यात्मक सुबह, अरावली हिल्स आदि दृश्यों का चित्रण किया है। चौरसिया ने बताया कि वर्तमान परिवेश में जलरंग माध्यम में चित्रण प्राय: लुप्त होता जा रहा है। चित्रकारी में कठिन पद्धत्ति होने के कारण देश में इस विधा के कम ही चित्रकार मौजूद है। यह कला प्रदर्शनी 27 अक्टूबर तक चलेगी।
Source - Nagaur Live
Monday, October 21, 2013
गौड़ ब्राह्मण महासभा के शेखावाटी संभाग के सम्मेलन का आयोजन
राजस्थान गौड़ ब्राह्मण महासभा के प्रदेशाध्यक्ष विजय कुमार हरितवाल ने कहा कि राजनीतिक दलों ने हमारे नेताओं को दरकिनार किया जा रहा है| जो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा| उन्होंने कहा कि अपनी ताकत प्रदर्शित करने का अभी भी वक्त है| हमारे नेताओं की टिकट कट जाए तो हमारे लिए प्रतिष्ठा का प्रश्न है| इसके लिए एकजुट होना होगा| अवसर था गौड़ ब्राह्मण महासभा के शेखावाटी सम्भाग के सम्मेलन के आयोजन का।
सम्मेलन का आयोजन कुचामन नगर की स्टेशन रोड़ स्थित बारात भवन में किया गया। उपस्थित जनों को सम्बोधित करते हुए चूरू सम्भाग के गौड़ ब्राह्मण महासभा के जिलाध्यक्ष भरत कुमार गौड़ ने कहा कि भले ही संख्या बल कम हो लेकिन सबके दिलों में एक आग जरूर है। आवश्यकता है इस आग को हवा देने की यह बात कही|
भरत कुमार ने कहा हमारी सबसे बड़ी कमजोरी है हम जागने के समय तो जागते नही और बाद में हम कहते है हम शोषित है, पीडि़त है। उन्होंने कहा चुनावी दौर चल रहा है, हमे अपने वोटो की गिनती करानी होगी। महासभा के युवा प्रकोष्ठ के प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि समाज के सर्वांगीण विकास की जिम्मेदारी युवाओं को निभानी होगी| उन्होंने युवाओं को आगे आने का आह्वान किया| इसी क्रम में अपना उदबोधन देते हुये नागौर जिलाध्यक्ष सुभाष गौड़ ने कहा हमें एक दूसरे से ईर्ष्या करने की बजाये सहन करना सीखना होगा क्योंकि जब हम सहन करना सीख जाते है तो इज्जत करना सीख जाते है और जब इज्जत करना सीख जाते है तो फिर प्रेम करना भी सीख जाते है।
सम्मेलन में उपस्थित सभी जनों ने अपने विचारों से उपस्थित जनों को अवगत कराते हुए एकता मे ताकत है की भावना का सन्देश देते हुये समाज के विकास के लिए संकल्पबद्ध होने को प्रेरित किया।
इस अवसर पर गौड़ ब्राह्मण महासभा राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार हरितवाल, वरिष्ठ उपाध्यक्ष नटवरलाल शर्मा, संरक्षक लक्ष्मीनारायण गौड़, महामंत्री जयकुमार डोकवाल, अतिरिक्त महामंत्री अरविन्द मिश्र, सेवानिवृत जिला न्यायाधीश शरतचन्द्र श्रौत्रिय, नागौर जिलाध्यक्ष सुभाष गौड़, चुरू जिला उपाध्यक्ष मुखराम नाथोलिया, झुंझनू जिलाध्यक्ष संतकुमार पुरोहित, सीकर जिलाध्यक्ष हरीशंकर शुक्ला, संरक्षक पूसाराम लाटा कुचामन, संरक्षक श्यामस्वरूप गौड़ कुचामन, शेखावाटी सम्भाग प्रभारी ओमप्रकाश प्रधान, गिरीराज शर्मा, सेवानिवृत लेखाकार नन्दकिशोर जोशी जोधपुर मंचस्थ रहे। जबकि उमाशंकर हरितवाल सीकर, दयाशंकर बावलिया झुंझुनू, राजाराम गौड़ निम्बी जोधा, पुरूषोत्तम शर्मा सुजानगढ, भवानीशंकर पुरोहित झुंझुनू, मुखराम नाथोलिया सरदारशहर, मदनगोपाल गौड़ जोधपुर, महावीर गौड़ मकराना, अशोक कुमार गौड़ मेड़ता सिटी, पवन कुमार शास्त्री, रामनिवास गौड़ खाखोली ने भी कार्यक्रम में अपनी उपस्थिती दर्ज करवाई।
Source - Nagaur Live
Tuesday, October 15, 2013
भैरुतालाब पशुमेले का विधिवत उदघाटन
मेले में पशुओं की आवक हुई शुरू
भैरुतालाब पशुमेले का विधिवत उदघाटन
मेले में पशुओं की आवक शुरू हो गई है। आज बैल 65, पाडा 190, बकरा-बकरी 35, ऊँट-ऊँटनी 35,घोड़ा-घोड़ी 10, गधा-गधी 15 आ चुके हैं।
उपखण्ड अधिकारी सत्यवीर सिंह यादव ने मेले की समस्त व्यवस्थाओं की जानकारी ली व संबंधित अधिकारियों को माकूल व्यवस्थाओं के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
मेले लिए कार्यालय व चौकियों की स्थापना की गई है। इस मेले में उत्तम नस्ल के बैल, बछड़े, ऊँट, ऊँटनी, घोड़ा, भैस, पाडे, खच्चर, भेड़, बकरी आदि हजारों की तादात में एकत्रित होंगे। इस मेले में पंजाब, उत्तरप्रदेश, मध्यप्रदेश, गुजरात, बिहार व समस्त राजस्थान के मशहूर व्यापारी आकर पशओं की खरीद-फरोख्त करते हैं। इसमें पानी, बिजली, रोशनी, पशु चिकित्सा, जन स्वास्थ्य, चिकित्सा की माकूल व्यवस्थाएं की गई हैं। साथ ही मेले में आवश्यक वस्तुओं, कृषि-पशु पालन उपयोगी सामग्री की पर्याप्त मात्रा में दुकानें भी लग रही हैं। मेले में पशओं के प्रवेश पर कोई कर नही लिया जाता है। केवल विक्रय पर ही नियमानुसार कर वसूल किया जाता है। अच्छी नस्ल के पशओं और अधिक क्रय-विक्रय करने वाले व्यापारियों को पुरस्कार व प्रमाण-पत्र दिए जाएंगे।
Source - Nagaur Live
Wednesday, October 9, 2013
गौड़ ब्राह्मण महासभा का संभागीय सम्मेलन 20 को कुचामन में
राजस्थान गौड़ ब्राह्मण महासभा के तत्वावधान में शेखावाटी क्षेत्र के चार जिलों का सामाजिक सम्मेलन कुचामन सिटी में आगामी 20 अक्टूबर को आयोजित किया जाएगा। सम्मेलन में वर्तमान समय में समाज की स्थिति पर मंथन किया जाएगा।
गौड़ महासभा कुचामनसिटी के अध्यक्ष एडवोकेट ओमप्रकाश प्रधान ने बताया कि प्रदेश में हाल ही में हुई जातिगत जनगणना के आधार पर गौड़ ब्राह्मणों की जनसंख्या करीब 65 लाख बताई जाती है। इतनी संख्या होने के बाद भी समाज की स्थिति राजनीतिक क्षेत्र के साथ ही अफसरशाही, व्यापार-उद्योग और शिक्षा के क्षेत्र में कोई व्यापक पहचान नहीं है।
गौड़ महासभा कुचामनसिटी के अध्यक्ष एडवोकेट ओमप्रकाश प्रधान ने बताया कि प्रदेश में हाल ही में हुई जातिगत जनगणना के आधार पर गौड़ ब्राह्मणों की जनसंख्या करीब 65 लाख बताई जाती है। इतनी संख्या होने के बाद भी समाज की स्थिति राजनीतिक क्षेत्र के साथ ही अफसरशाही, व्यापार-उद्योग और शिक्षा के क्षेत्र में कोई व्यापक पहचान नहीं है।
वर्तमान परिप्रेक्ष्य में समाज की यह स्थिति कोई सम्मानजनक नहीं कही जा सकती। प्रधान ने बताया कि इस बिन्दू पर विचार करने के लिए आगामी 20 अक्टूबर को शहर के बीके बिड़ला बारात भवन में नागौर, सीकर, चुरू और झुंझुनूं जिलों का गौड़ ब्राह्मण समाज का सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है।
Source - Nagaur Live
Tuesday, September 17, 2013
Friday, September 13, 2013
Kavi Sammelan Organized in Ganpati Mahotsav Kuchaman City
'गिरता रिप्या न नहीं, देश का गिरता
चरित्र न उठावों...'
नया शहर गणपति महोत्सव जमा कवि सम्मेलन,
देर
रात तक चले व्यंज्यबाण
'यार से यारी रख, दुरूख में
भागीदारी रख। लोग भले ही कुछ भी बोले, तूं तो जिम्मेदारी रख।' कुछ
ऐसे ही अल्फाजों के साथ गुजरी कुचामन सिटी की बुधवार की रात। मौका था नया शहर में
गणपति महोत्सव में आयोजित कवि सम्मेलन का. जिसमें प्रदेश के नामी कवि देर रात तक
हिन्दी-राजस्थानी काव्य के विविध रसों से श्रोतोंओं को सरोबार करते रहे। वहीं
हजारों खचाखच पांडाल में मौजूद श्रोता तालियों की गडग़ड़ाहट से रचनाओं पर दाद देते
रहे।
प्रारंभिक पंक्तियों के साथ अपने कविता पाठ को
शुरू कर भीलवाड़ा के अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी सलूम्बर के कवि प्रहलाद पारीक
ने देश की स्थिति पर चिंतन किया। 'न्याय मांगती देश से सरबजीत की लाश'
कविता
के माध्यम से सीमा पार जेलों में बंद भारतीयों के दर्द को रेखांकित किया।
मध्यप्रदेश की सीमा पर बसे निम्बाहेड़ा के वीर
रस के कवि वाजिद अली वाजिद ने 'तिरंगा हूं तिरंगा कहलाता हूं' के
माध्यम से राष्ट्रभक्ति का रस घोल दिया। उन्होनें अपनी प्रस्तुति 'मैं
इंसान हूं, मुझे हिन्दू या मुसलमान ना समझा जाए' के
माध्यम से साम्प्रदायिक सदभावना का संदेश दिया।
कवि सम्मेलन का आगाज उदयपुर की रिया लता सोनी
की सरस्वती वंदना के साथ हुआ। कवियित्री ने कवि सम्मेलन में प्यार-मोहब्बत की
मिठास के साथ अपनी मधुर आवाज घोलते हुए 'प्यार उपजाती हूं, नफरत
को दफन करती हूं' से अपना परिचय देकर राधा और मीरां के प्रेम की
पराकाष्ठा को अपनी गज़ल के माध्यम से प्रदर्शित किया।
कवि सम्मेलन में मौजूद हास्य रस के कवियों ने
चुटीली रचनाओं से श्रोताओं को गुदगुदाया। डीडवाना के युवा कवि अशोक सेवदा ने हास्त
कविता में वर्तमान समय के प्रमुख मुद्दे रूपए की गिरती कीमत पर ध्यान आकर्षित करते
हुए राजस्थानी में प्रस्तुत 'गिरता रिप्या न नहीं, देश
का गिरता चरित्र न उठावों...' अपनी इस रचना में देश के गिरते नैतिक
चरित्र को उठाने का संदेश दिया। सेवदा के व्यंग्य बाण ऐसे चले कि उपस्थित श्रोताओं
ने जमकर ठहाके लगाए। हास्य रस में सराबोर अपनी रचनाओं एवं राजस्थानी गीत प्रस्तुत
कर केकड़ी के देवकरण देव ने दाद बटोरी। वहीं हास्य की पुट लिए कवि सम्मेलन का
संचालन भीलवाड़ा के ओम तिवारी ने जमकर ठहाके लगवाए।
इस मौके पर अपनी तल्ख टिप्पणियों के लिए
प्रसिद्ध भीलवाड़ा से आए वरिष्ठ साहित्यकार-गीतकार प्रो. राजेन्द्र गोपाल व्यास ने
अपने गीत प्रस्तुत किए। उन्होनें अपनी एक टिप्पणी उद्धृत करते हुए कहा कि 'इन
हवाओं में हम अपने उद्यानों को तो नहीं बचा सकते है। लेकिन उन बीजों को तो बचा
सकते है जिनसे उद्यान लगा सकते है।'
खचाखच गया पांडाल
कवि सम्मेलन में श्रोताओं के बैठने के लिए
विशाल पांडाल बनाया गया जो कि कवि सम्मेलन आरम्भ होने के कुछ देर बाद ही खचाखच भर
गया। कवियों की मंत्रमुगध कर देने वाली रचनाओं को सुनने के लिए घंटो लोगों ने खड़े
रहकर कवियों द्वारा प्रस्तुत रचनाओं की प्रस्तुति को सुनते हुए कार्यक्रम का आनन्द
लिया। इस मौके पर बसपा नेता अभिलाष शेखावत मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद थे। वहीं
भाजपा नेता सरोज प्रजापत, ज्ञानाराम रणवां, कुविस
के कार्यकारी अध्यक्ष नटवरलाल वक्ता समेत साहित्य प्रेमी मौजूद थे। प्रारम्भ में
आयोजन समिति के संजय शर्मा, जुगल सर्राफ, प्रवीण शर्मा
टिंचू आदि ने सभी का स्वागत किया।
Source - Nagaur Live
Friday, September 6, 2013
पार्क में टॉय ट्रेन चलने से बच्चें में उत्साह
नगर के रोडवेज बस स्टैण्डस्थित कनोई पार्क के खुलने व पार्क में टॉय ट्रेन के शुभारम्भ कीसूचना ने
आस पास के बच्चोंमें भारी उत्साह पैदा कर दिया।बच्चों को जैसे ही जानकारी हुई तो भारी संख्या में बच्चों की भीड़कनोई पार्क में एकत्र होने लगी। क्षेत्रीय विधायक महेन्द्र चौधरी नेटॉय ट्रेन का शुभारम्भ किया।क्षेत्रीय विधायक महेन्द्र सिंह चौधरी, नगर पालिका अध्यक्षा यशोदादेवी कुमावत, उपाध्यक्ष हरीश
कुमावत, अधिशाषी अधिकारीश्रवणराम चौधरी आदि ने ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। इस अवसर पर
कुचामन विकास समिति अध्यक्ष ओमप्रकाश काबरा, प्रतिपक्षनेता हेमराज चावला, नगर कांग्रेस
अध्यक्ष ईस्माइल व्यापारी सहित कई लोग उपस्थित थे।
आस पास के बच्चोंमें भारी उत्साह पैदा कर दिया।बच्चों को जैसे ही जानकारी हुई तो भारी संख्या में बच्चों की भीड़कनोई पार्क में एकत्र होने लगी। क्षेत्रीय विधायक महेन्द्र चौधरी नेटॉय ट्रेन का शुभारम्भ किया।क्षेत्रीय विधायक महेन्द्र सिंह चौधरी, नगर पालिका अध्यक्षा यशोदादेवी कुमावत, उपाध्यक्ष हरीश
कुमावत, अधिशाषी अधिकारीश्रवणराम चौधरी आदि ने ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। इस अवसर पर
कुचामन विकास समिति अध्यक्ष ओमप्रकाश काबरा, प्रतिपक्षनेता हेमराज चावला, नगर कांग्रेस
अध्यक्ष ईस्माइल व्यापारी सहित कई लोग उपस्थित थे।
Source - Morning News
कुचामन में राजकीय महाविद्यालय की मांग
कस्बे में राजकीयमहाविद्यालय नहीं होने से गरीब व असहाय लोगों के बच्चों कोउच्च शिक्षा की पढ़ाई के लिए मुंह देखना पड़ रहा है। एसा नहीं है किकुचामन में शिक्षा का महत्व कम है। यहां तक की कुचामन सिटी कोशिक्षा की नगरी का दर्जा भी
प्राप्त है। इसके बावजूद भी यहांराजकीय महाविद्यालय नहीं है। क्षेत्र में 20 से भी ज्यादा निजीमहाविद्यालय हंै। 70 से भी
ज्यादा उच्च माध्यमिक विद्यालय हैं।
कुचामन में 80 हजार विद्यार्थी अध्यनरत: प्राप्त जानकारी केअनुसार कुचामन शहर में सरकारी व गैर सरकारी विद्यालयों मेंकरीब 80 हजार विद्यार्थी अध्यनरत है। उच्च वर्ग के लोगों के बच्चे तो निजी महाविद्यालय में प्रवेश लेकर उच्च शिक्षा
प्राप्त करलेते हैं।
लेकिन गरीब तबके के लोगों के बच्चों को भारी फीस नहीं होने के कारण शिक्षा से मुंह मोडऩा पड़ता है। और उच्च शिक्षा से
वंचित रह जाते हैं। एक तरफ तो सरकार शिक्षा को बढ़ावा दे रही है। जबकि दूसरी ओर शिक्षा नगरी होने के बावजूद राजकीयमहाविद्यालय नहीं होने से आर्थिक स्थिती से कमजोर विद्यार्थियों को आगे पढऩे का मौका नहीं मिल रहा है।.
Source - Morning News
Wednesday, August 21, 2013
Monday, August 5, 2013
Wednesday, June 26, 2013
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