Kuchaman City is a city and a municipality in Nagaur District in the Indian State of Rajasthan. The city has a few Havelis in the Shekhawati style and a fort overlooking city on a Hill top. This fort is about 1100 years old built 9th century AD by Rathore rulers Zalim Singh of the area.Recently the shooting of the movie 'DRONA' starring Abhishek Bachan and Priyanka chopra was done in the fort which will further make this fort a huge tourist attraction.

Tuesday, December 24, 2013

आ गए नए राशन कार्ड, जल्द मिलेंगे


Source - Nagaur Bhaskar (24.12.13)

Wednesday, October 23, 2013

कुचामन की जख्मी सड़कों को मरहम की जरूरत

शहर के कई स्थानों पर जख्मी सड़कों को मरहम की जरूरत है,लेकिन इस ओर नगरपालिका का किसी प्रकार का ध्यान नहीं है।

सड़के कई जगहों से खड्ड़ों में तब्दील हो चुकी है। गहरे खड्ड़ों केकारण आए दिन छोटे-बड़े हादसे होना आम बात हो गई है। इससम्बध में शहर के लोगों ने पालिका के कमर्चारियों एवं पालिकाध्यक्षको कई बार सूचित करवा दिया गया। लेकिन ध्यान ही नहीं दिया जारहा हैं। लेकिन जख्मी सड़कों का दर्द अब नासुर बन गया है। लोगोंने कहा कि अतिमहत्वपूर्ण चिकित्सालय मार्ग की सड़क जो खाफीक्षतिग्रस्त हो चुकी है।

एक-दूसरे विभाग पर थोप रहे हैं जिम्मेदारी : इस सम्बध में नगरपालिका के अधिकारियों से बात की गई तो पालिका केअधिकारियों ने पीडब्लुडी विभाग की सड़क होने को कहा पल्ला झाड़ लेते है।

वहीं इस सम्बध में पीडब्लुडी विभाग से बात की जाती है तो नगरपालिका का नाम लेकर किनारा कर लेते है।

कौन होगा इन सड़कों का मालिक : शहर के मुख्य मार्ग डीडवाना रोड, सीकर बाई पास रोड, अस्पताल रोड जहां हजारों की तादातमें वाहन मरीजों को लेकर आवागमन करते है। लेकिन इन जख्मी सड़कों पर कोई भी मरहम लगाने को तैयार नहीं है। इसकाखामियाजा राहगिरों को उठाना पड़ रहा हैं। चिकित्सालय मार्ग की हालत तो इतनी बदतर हो गई हैं कि अगर मरीज को गाड़ी में यापैदल लेकर जाए तो बिमारी ओर ज्यादा बढ़ जाती है।

Source - Morning News

Tuesday, October 22, 2013

कुचामन के वरिष्ठ चित्रकार गिरीश चौरसिया की कला प्रदर्शनी जयपुर में शुरू


जलरंग माध्यम से उकेरे मनोरम दृश्य


शहर के वरिष्ठ चित्रकार गिरीश चौरसिया के चित्रों कर प्रदर्शनी सोमवार को जयपुर के राजपूताना शेरेटन होटल में शुरू हुई। चित्र प्रदर्शनी का उद्घाटन राजस्थान सरकार में कला-सांस्कृतिक सचिव डॉ. किरण सोनी गुप्ता ने किया। इस मौके पर जयपुर के कई वरिष्ठ चित्रकार मौजूद थे।
अलंकृति ग्रुप द्वारा द्वारा आयोजित इस कला प्रदर्शनी में अन्तर्राष्ट्रीय चित्रकार कलाविद् राम जैसवाल तथा बीसी गहलोत के चित्र भी प्रदर्शित है। कला प्रदर्शनी में प्रदर्शित चित्रों में गिरीश चौरसिया ने जलरंग माध्यम में आनासागर-अजमेर, फोर्ट-कुचामनसिटी, नक्की झील-माउण्ट आबू, काव्यात्मक सुबह, अरावली हिल्स आदि दृश्यों का चित्रण किया है। चौरसिया ने बताया कि वर्तमान परिवेश में जलरंग माध्यम में चित्रण प्राय: लुप्त होता जा रहा है। चित्रकारी में कठिन पद्धत्ति होने के कारण देश में इस विधा के कम ही चित्रकार मौजूद है। यह कला प्रदर्शनी 27 अक्टूबर तक चलेगी।


Source - Nagaur Live

Monday, October 21, 2013

गौड़ ब्राह्मण महासभा के शेखावाटी संभाग के सम्मेलन का आयोजन



राजस्थान गौड़ ब्राह्मण महासभा के प्रदेशाध्यक्ष विजय कुमार हरितवाल ने कहा कि राजनीतिक दलों ने हमारे नेताओं को दरकिनार किया जा रहा है| जो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा| उन्होंने कहा कि अपनी ताकत प्रदर्शित करने का अभी भी वक्त है| हमारे नेताओं की टिकट कट जाए तो हमारे लिए प्रतिष्ठा का प्रश्न है| इसके लिए एकजुट होना होगा| अवसर था गौड़ ब्राह्मण महासभा के शेखावाटी सम्भाग के सम्मेलन के आयोजन का।
सम्मेलन का आयोजन कुचामन नगर की स्टेशन रोड़ स्थित बारात भवन में किया गया। उपस्थित जनों को सम्बोधित करते हुए चूरू सम्भाग के गौड़ ब्राह्मण महासभा के जिलाध्यक्ष भरत कुमार गौड़ ने कहा कि भले ही संख्या बल कम हो लेकिन सबके दिलों में एक आग जरूर है। आवश्यकता है इस आग को हवा देने की यह बात कही|

भरत कुमार ने कहा हमारी सबसे बड़ी कमजोरी है हम जागने के समय तो जागते नही और बाद में हम कहते है हम शोषित है, पीडि़त है। उन्होंने कहा चुनावी दौर चल रहा है, हमे अपने वोटो की गिनती करानी होगी। महासभा के युवा प्रकोष्ठ के प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि समाज के सर्वांगीण विकास की जिम्मेदारी युवाओं को निभानी होगी| उन्होंने युवाओं को आगे आने का आह्वान किया| इसी क्रम में अपना उदबोधन देते हुये नागौर जिलाध्यक्ष सुभाष गौड़ ने कहा हमें एक दूसरे से ईर्ष्या करने की बजाये सहन करना सीखना होगा क्योंकि जब हम सहन करना सीख जाते है तो इज्जत करना सीख जाते है और जब इज्जत करना सीख जाते है तो फिर प्रेम करना भी सीख जाते है।
सम्मेलन में उपस्थित सभी जनों ने अपने विचारों से उपस्थित जनों को अवगत कराते हुए एकता मे ताकत है की भावना का सन्देश देते हुये समाज के विकास के लिए संकल्पबद्ध होने को प्रेरित किया।
इस अवसर पर गौड़ ब्राह्मण महासभा राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार हरितवाल, वरिष्ठ उपाध्यक्ष नटवरलाल शर्मा, संरक्षक लक्ष्मीनारायण गौड़, महामंत्री जयकुमार डोकवाल, अतिरिक्त महामंत्री अरविन्द मिश्र, सेवानिवृत जिला न्यायाधीश शरतचन्द्र श्रौत्रिय, नागौर जिलाध्यक्ष सुभाष गौड़, चुरू जिला उपाध्यक्ष मुखराम नाथोलिया, झुंझनू जिलाध्यक्ष संतकुमार पुरोहित, सीकर जिलाध्यक्ष हरीशंकर शुक्ला, संरक्षक पूसाराम लाटा कुचामन, संरक्षक श्यामस्वरूप गौड़ कुचामन, शेखावाटी सम्भाग प्रभारी ओमप्रकाश प्रधान, गिरीराज शर्मा, सेवानिवृत लेखाकार नन्दकिशोर जोशी जोधपुर मंचस्थ रहे। जबकि उमाशंकर हरितवाल सीकर, दयाशंकर बावलिया झुंझुनू, राजाराम गौड़ निम्बी जोधा, पुरूषोत्तम शर्मा सुजानगढ, भवानीशंकर पुरोहित झुंझुनू, मुखराम नाथोलिया सरदारशहर, मदनगोपाल गौड़ जोधपुर, महावीर गौड़ मकराना, अशोक कुमार गौड़ मेड़ता सिटी, पवन कुमार शास्त्री, रामनिवास गौड़ खाखोली ने भी कार्यक्रम में अपनी उपस्थिती दर्ज करवाई।
Source - Nagaur Live

कुचामन की सुन्दरता को लगा ग्रहण - नागौर भास्कर न्यूज़

Source - Nagaur Bhaskar (21.10.2013)

Tuesday, October 15, 2013

भैरुतालाब पशुमेले का विधिवत उदघाटन


मेले में पशुओं की आवक हुई शुरू

भैरुतालाब पशुमेले का विधिवत उदघाटन 

पंचायत समिति की ओर से आयोजित भैंरू तालाब पशु मेले का विधिवत शुभारंभ उपखण्ड अधिकारी सत्यवीर सिंह यादव, विकास अधिकारी विनोदकुमार गौड़ व सहायक मेला अधिकारी अति. ब्लॉक प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी करणसिंह राठौड़ ने विधिवत भैंरूजी की पूजा अर्चना कर व ध्वजारोहण कर किया। इस अवसर पर सहायक लेखाधिकारी पूरणमल कालावत,ब्लॉक साक्षरता समन्वयक चम्पालाल कुमावत, प्रगति प्रसार अधिकारी बाबूलाल मीणा, लेखाकार सुरेशकुमार गौड़,कनिष्ठ तकनीकी सहायक रामलाल, कम्प्यूटर ऑपरेटर भंवरलाल शर्मा,भंवरलाल कुमावत,ग्रामसेवक जगदीश सिंह,पोखरराम ढाका,रामसिंह,भंवरू खां,राम अवतार दाधीच,सुनील मीणा,शीशदान चारण,बिहारी सिंह,सहायक कर्मचारी मनोहर सिंह,माधव प्रसाद तिवाड़ी आदि उपस्थित थे।

मेले में पशुओं की आवक शुरू हो गई है। आज बैल 65, पाडा 190, बकरा-बकरी 35, ऊँट-ऊँटनी 35,घोड़ा-घोड़ी 10, गधा-गधी 15 आ चुके हैं।

उपखण्ड अधिकारी सत्यवीर सिंह यादव ने मेले की समस्त व्यवस्थाओं की जानकारी ली व संबंधित अधिकारियों को माकूल व्यवस्थाओं के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
मेले लिए कार्यालय व चौकियों की स्थापना की गई है। इस मेले में उत्तम नस्ल के बैल, बछड़े, ऊँट, ऊँटनी, घोड़ा, भैस, पाडे, खच्चर, भेड़, बकरी आदि हजारों की तादात में एकत्रित होंगे। इस मेले में पंजाब, उत्तरप्रदेश, मध्यप्रदेश, गुजरात, बिहार व समस्त राजस्थान के मशहूर व्यापारी आकर पशओं की खरीद-फरोख्त करते हैं। इसमें पानी, बिजली, रोशनी, पशु चिकित्सा, जन स्वास्थ्य, चिकित्सा की माकूल व्यवस्थाएं की गई हैं। साथ ही मेले में आवश्यक वस्तुओं, कृषि-पशु पालन उपयोगी सामग्री की पर्याप्त मात्रा में दुकानें भी लग रही हैं। मेले में पशओं के प्रवेश पर कोई कर नही लिया जाता है। केवल विक्रय पर ही नियमानुसार कर वसूल किया जाता है। अच्छी नस्ल के पशओं और अधिक क्रय-विक्रय करने वाले व्यापारियों को पुरस्कार व प्रमाण-पत्र दिए जाएंगे।

Source - Nagaur Live

Wednesday, October 9, 2013

गौड़ ब्राह्मण महासभा का संभागीय सम्मेलन 20 को कुचामन में

राजस्थान गौड़ ब्राह्मण महासभा के तत्वावधान में शेखावाटी क्षेत्र के चार जिलों का सामाजिक सम्मेलन कुचामन सिटी में आगामी 20 अक्टूबर को आयोजित किया जाएगा। सम्मेलन में वर्तमान समय में समाज की स्थिति पर मंथन किया जाएगा। 

गौड़ महासभा कुचामनसिटी के अध्यक्ष एडवोकेट ओमप्रकाश प्रधान ने बताया कि प्रदेश में हाल ही में हुई जातिगत जनगणना के आधार पर गौड़ ब्राह्मणों की जनसंख्या करीब 65 लाख बताई जाती है। इतनी संख्या होने के बाद भी समाज की स्थिति राजनीतिक क्षेत्र के साथ ही अफसरशाही, व्यापार-उद्योग और शिक्षा के क्षेत्र में कोई व्यापक पहचान नहीं है। 

वर्तमान परिप्रेक्ष्य में समाज की यह स्थिति कोई सम्मानजनक नहीं कही जा सकती। प्रधान ने बताया कि इस बिन्दू पर विचार करने के लिए आगामी 20 अक्टूबर को शहर के बीके बिड़ला बारात भवन में नागौर, सीकर, चुरू और झुंझुनूं जिलों का गौड़ ब्राह्मण समाज का सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है। 
Source - Nagaur Live

Friday, September 13, 2013

Kavi Sammelan Organized in Ganpati Mahotsav Kuchaman City


'गिरता रिप्या न नहीं, देश का गिरता चरित्र न उठावों...'

नया शहर गणपति महोत्सव जमा कवि सम्मेलन, देर रात तक चले व्यंज्यबाण

 

'यार से यारी रख, दुरूख में भागीदारी रख। लोग भले ही कुछ भी बोले, तूं तो जिम्मेदारी रख।' कुछ ऐसे ही अल्फाजों के साथ गुजरी कुचामन सिटी की बुधवार की रात। मौका था नया शहर में गणपति महोत्सव में आयोजित कवि सम्मेलन का. जिसमें प्रदेश के नामी कवि देर रात तक हिन्दी-राजस्थानी काव्य के विविध रसों से श्रोतोंओं को सरोबार करते रहे। वहीं हजारों खचाखच पांडाल में मौजूद श्रोता तालियों की गडग़ड़ाहट से रचनाओं पर दाद देते रहे।

प्रारंभिक पंक्तियों के साथ अपने कविता पाठ को शुरू कर भीलवाड़ा के अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी सलूम्बर के कवि प्रहलाद पारीक ने देश की स्थिति पर चिंतन किया। 'न्याय मांगती देश से सरबजीत की लाश' कविता के माध्यम से सीमा पार जेलों में बंद भारतीयों के दर्द को रेखांकित किया।

मध्यप्रदेश की सीमा पर बसे निम्बाहेड़ा के वीर रस के कवि वाजिद अली वाजिद ने 'तिरंगा हूं तिरंगा कहलाता हूं' के माध्यम से राष्ट्रभक्ति का रस घोल दिया। उन्होनें अपनी प्रस्तुति 'मैं इंसान हूं, मुझे हिन्दू या मुसलमान ना समझा जाए' के माध्यम से साम्प्रदायिक सदभावना का संदेश दिया।


कवि सम्मेलन का आगाज उदयपुर की रिया लता सोनी की सरस्वती वंदना के साथ हुआ। कवियित्री ने कवि सम्मेलन में प्यार-मोहब्बत की मिठास के साथ अपनी मधुर आवाज घोलते हुए 'प्यार उपजाती हूं, नफरत को दफन करती हूं' से अपना परिचय देकर राधा और मीरां के प्रेम की पराकाष्ठा को अपनी गज़ल के माध्यम से प्रदर्शित किया।

कवि सम्मेलन में मौजूद हास्य रस के कवियों ने चुटीली रचनाओं से श्रोताओं को गुदगुदाया। डीडवाना के युवा कवि अशोक सेवदा ने हास्त कविता में वर्तमान समय के प्रमुख मुद्दे रूपए की गिरती कीमत पर ध्यान आकर्षित करते हुए राजस्थानी में प्रस्तुत 'गिरता रिप्या न नहीं, देश का गिरता चरित्र न उठावों...' अपनी इस रचना में देश के गिरते नैतिक चरित्र को उठाने का संदेश दिया। सेवदा के व्यंग्य बाण ऐसे चले कि उपस्थित श्रोताओं ने जमकर ठहाके लगाए। हास्य रस में सराबोर अपनी रचनाओं एवं राजस्थानी गीत प्रस्तुत कर केकड़ी के देवकरण देव ने दाद बटोरी। वहीं हास्य की पुट लिए कवि सम्मेलन का संचालन भीलवाड़ा के ओम तिवारी ने जमकर ठहाके लगवाए।

इस मौके पर अपनी तल्ख टिप्पणियों के लिए प्रसिद्ध भीलवाड़ा से आए वरिष्ठ साहित्यकार-गीतकार प्रो. राजेन्द्र गोपाल व्यास ने अपने गीत प्रस्तुत किए। उन्होनें अपनी एक टिप्पणी उद्धृत करते हुए कहा कि 'इन हवाओं में हम अपने उद्यानों को तो नहीं बचा सकते है। लेकिन उन बीजों को तो बचा सकते है जिनसे उद्यान लगा सकते है।'

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खचाखच गया पांडाल
कवि सम्मेलन में श्रोताओं के बैठने के लिए विशाल पांडाल बनाया गया जो कि कवि सम्मेलन आरम्भ होने के कुछ देर बाद ही खचाखच भर गया। कवियों की मंत्रमुगध कर देने वाली रचनाओं को सुनने के लिए घंटो लोगों ने खड़े रहकर कवियों द्वारा प्रस्तुत रचनाओं की प्रस्तुति को सुनते हुए कार्यक्रम का आनन्द लिया। इस मौके पर बसपा नेता अभिलाष शेखावत मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद थे। वहीं भाजपा नेता सरोज प्रजापत, ज्ञानाराम रणवां, कुविस के कार्यकारी अध्यक्ष नटवरलाल वक्ता समेत साहित्य प्रेमी मौजूद थे। प्रारम्भ में आयोजन समिति के संजय शर्मा, जुगल सर्राफ, प्रवीण शर्मा टिंचू आदि ने सभी का स्वागत किया।

Source - Nagaur Live

Friday, September 6, 2013

पार्क में टॉय ट्रेन चलने से बच्चें में उत्साह


नगर के रोडवेज बस स्टैण्डस्थित कनोई पार्क के खुलने  पार्क में टॉय ट्रेन के शुभारम्भ कीसूचना ने 
आस पास के बच्चोंमें भारी उत्साह पैदा कर दिया।बच्चों को जैसे ही जानकारी हुई तो भारी संख्या में बच्चों की भीड़कनोई पार्क में एकत्र होने लगी। क्षेत्रीय विधायक महेन्द्र चौधरी नेटॉय ट्रेन का शुभारम्भ किया।क्षेत्रीय विधायक महेन्द्र सिंह चौधरीनगर पालिका अध्यक्षा यशोदादेवी कुमावतउपाध्यक्ष हरीश 
कुमावतअधिशाषी अधिकारीश्रवणराम चौधरी आदि ने ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। इस अवसर पर 
कुचामन विकास समिति अध्यक्ष ओमप्रकाश काबराप्रतिपक्षनेता हेमराज चावलानगर कांग्रेस 
अध्यक्ष ईस्माइल व्यापारी सहित कई लोग उपस्थित थे।

Source - Morning News

कुचामन में राजकीय महाविद्यालय की मांग

कस्बे में राजकीयमहाविद्यालय नहीं होने से गरीब  असहाय लोगों के बच्चों कोउच्च शिक्षा की पढ़ाई के लिए मुंह देखना पड़ रहा है। एसा नहीं है किकुचामन में शिक्षा का महत्व कम है। यहां तक की कुचामन सिटी कोशिक्षा की नगरी का दर्जा भी 
प्राप्त है। इसके बावजूद भी यहांराजकीय महाविद्यालय नहीं है। क्षेत्र में 20 से भी ज्यादा निजीमहाविद्यालय हंै। 70 से भी 
ज्यादा उच्च माध्यमिक विद्यालय हैं।
कुचामन में 80 हजार विद्यार्थी अध्यनरतप्राप्त जानकारी केअनुसार कुचामन शहर में सरकारी  गैर सरकारी विद्यालयों मेंकरीब 80 हजार विद्यार्थी अध्यनरत है। उच्च वर्ग के लोगों के बच्चे तो निजी महाविद्यालय में प्रवेश लेकर उच्च शिक्षा 
प्राप्त करलेते हैं।
लेकिन गरीब तबके के लोगों के बच्चों को भारी फीस नहीं होने के कारण शिक्षा से मुंह मोडऩा पड़ता है। और उच्च शिक्षा से 
वंचित रह जाते हैं। एक तरफ तो सरकार शिक्षा को बढ़ावा दे रही है। जबकि दूसरी ओर शिक्षा नगरी होने के बावजूद राजकीयमहाविद्यालय नहीं होने से आर्थिक स्थिती से कमजोर विद्यार्थियों को आगे पढऩे का मौका नहीं मिल रहा है।.

Source - Morning News

Monday, August 26, 2013

Kuchaman Voter List - Check your Name in Election Voting List


Kuchaman Voters List: If you are looking to vote in upcoming Assembly / Loksabha/ Panchayat/ Local body Election and want to find whether your name is included in voter list or not, there is good news by Govt of Rajasthan and Chief Electoral Officer, Rajasthan. List of Voters in Rajasthan are now available ONLINE for individual candidates. Chief Electoral Officer, Rajasthan provides facility to check your name form Election commission website. Here is few simple steps that you have to follow to clear your doubt and can confirm the Name in Voters List.
1. Just go to Rajasthan election commission website:

http://www.rajsec.rajasthan.gov.in/Municipal2010/VoterListView1.asp

2. Now select your District and Municiapal name and click over GO
3. This will display all Ward in a particular Municiapl.
4. Now click on your Ward name which will display list of voters in a PDF File.

Thursday, July 25, 2013

म्हारा कुचामणियां में जाइजो...लाख रो चूड़ो ल्याईजो


सुहागन के वैसे तो सोलह श्रृंगारमाने जाते है लेकिन सुहागन के श्रृंगार में चूड़ी का महत्त्व अधिक है।हिन्दुस्तान में सुहागन के हाथों में सुन्दर चुडिय़ों का होना अच्छाशगुन माना जाता है और चुडिय़ों का टूटना अपशगुन। जब औरत केसजने संवरने की बात आती है तो बिन्दियां, काजल और चूड़ी कानाम प्रमुख रूप से सामने आता है।

चुडिय़ा भी तरह-तरह की होती है जैसे कि कांच एवं सोने-चांदी सेबनी चुडिय़ां विशेष रूप से प्रचलन में है लेकिन लाख के चूड़े की बातही कुछ और है। कई स्थानों पर शादी-ब्याह में नवविवाहिता के लिएलाख का चूड़ा पहना जाना अनिवार्य माना जाता है। 
वैसे तो प्रत्येक छोटे-बड़े नगर में लाख की चुडिय़ा उपलब्ध हो जाती है लेकिनकुचामन सिटी में बनने वाली लाख की चुडिय़ा
भारतभर में प्रसिद्ध है। राजस्थान के कई मारवाड़ी गीतों में भी कुचामन के लाख केचूड़ों का गुणगान आता है।

पीढिय़ों से बना रहे हैं लाख के चूड़े :  सदर बाजार स्थित 100 साल पुरानी दुकान के मालिक ईस्लामुद्दीन मणियार बताते है 
कुचामनसिटी के दर्जनभर परिवार पिढिय़ों से लाख के चूड़े एवं चुडिय़ां बनाने के व्यवसाय से जूड़े है। ईस्लामुद्दीन बताते है शहर में खासकरमुस्लिम मणियार जाति के लोग ही यह कारोबार करते है। लाख एक प्रकार का पदार्थ होता है जो ठंडे तापमान में जम जाता है एवंउसे कम आग में गर्म करके हाथ एवं मूसल की सहायता से चूड़े के आकार में ढ़ाला जाता है।
चूड़े के ठंडा होने से पहले उस पर रंग-बिरंगे चमकते नगीनों से उसकी सुन्दरता में चार चांद लगाए जाते है। कुचामन में बने 
लाख केचूड़े एवं चुडिय़ां राजस्थान ही नहीं बल्कि सम्पूर्ण हिन्दुस्तान में निर्यात किए जाते है।

Source - Morning News

Wednesday, July 10, 2013

Ghoomer is ranked 4th among the Top 10 local dances around the world

Source - Hindustan Times (Mumbai - 10.07.13)

Ghoomar, Rajasthan, India
Ghoomar is a traditional folk dance of Rajasthan, India and southern Asia. Ghoomar was developed by the Bhil tribe and was then adopted by other Rajasthani communities. It is performed by women in swirling robes, and accompanied by men and women singing together.
This folk dance gets its name from ‘ghoomna’, the pirouetting which displays the spectacular colors of the flowing ‘ghaghara’, the long skirt of the Rajasthani women. There is an amazing grace as the skirt flair slowly while the women folk twirl in circles, their faces covered with the help of the veil. Their measured steps and various graceful inclinations of the body, beating palms or snapping fingers at particular cadences while singing some lilting songs.Mostly Goddess Saraswati is worshipped during this dance.
This folk dance of Rajasthan is not just a display of rhythmic talent; its graceful performance in conjunction with the twirling of colourful, long-flowing skirts elevates its aesthetic appeal. While the dancers are only veiled women spinning around the room, occasionally snapping or clapping, both men and women are expected to sing together. Like so many folk dances, ghoomar is usually performed during special occasions to worship religious deities.

Tuesday, June 18, 2013

Kuchaman Salt Lake and Business of Salt

राजस्थान की खारे पानी की झीले

1. साँभर झील
2. डीडवाना झील
3. पंचपद्रा झील
4. लूणकरणसर झील
5. पोकरण झील
6. फलौदी झील
7. कुचामन झील
8. सुजानगढ़ झील
9. जाब्दीनगर

कुचामन झील -

नागौर जिले के कुचामन सिटी के परिक्षेत्र में स्थित इस झील से लगभग 12000 टन वार्षिक नमक बनाया जाता है।





















Beautiful Video about Kuchaman Fort


Source - Youtube

Monday, June 3, 2013

Kuchaman Vikas Samiti (KVS), Kuchaman City

Kuchaman Vikas Samiti is an organization in Kuchaman City & it is active in many fields like Education, Social Service, Health, Cooperation, City Development etc. 

Kuchaman Vikas Samiti was founded in March 1978 by Respected Mr. Bal Krishna Sarda. Currently Samiti is headed by Mr. Om Prakash Kabra.



The Kuchaman Vikas Samiti,Kuchaman City (Nagaur) has been established with the objectives to provide education for excellence the objective has been to take on the responsibility of shaping a child to become a disciplined, responsible and mature person, to attain this purpose in the field of education & give best to the society.

To provide best atmosphere for teaching, learning, Practical training and career building.

Kuchaman Vikas Samiti,Kuchaman City (Nagaur) Rajasthan, Society Registered Under Rajasthan Society Act 1958 with the Registrar of the Societies Government of Rajasthan Vide Reg. No. 114//1978-79 Dated: July 13, 1978. It is committed to prepare self-respecting, intelligent, dynamic, vocationally prepared and nation-loving that can take the responsibility to provide quality education and to implement the social bonding among the students and could transform them into responsible citizens of tomorrow.

Operating from a two-storeyed building, the samiti today manages projects worth over Rs.100 crores in the areas of education, health, social service and city development. The NGO runs eight schools, colleges and technical institutes that provide education from nursery to post-graduate level in subjects like science, arts, commerce, conferring degrees like BCA, BBA and B.Ed.

The samiti has various kinds of scholarship schemes like the UGC fellowship, where 50 per cent of the course fee is waived, and a CM scholarship plan where Rs.500 is awarded every month for five years. At present, a third of all students in the samiti’s institutes are on scholarships and, in the last year, the NGO awarded Rs.10 lakh in grants. There are also financial incentives to promote girls’ education.

The samiti’s model is simple. Like any NGO, it works using money collected through donations. But its success has come from making the people of Kuchaman, whether residing here or in other cities or even outside the country, feel duty-bound towards their hometown. For this purpose, the samiti has organised the Kuchaman Pravasi Meet three times. The meet isn’t just for collecting more donations, but also to invite ideas from Kuchaman citizens on how to improve their city.

Besides education, the samiti has played an important role in the improvement of healthcare services. It has built an Ayurvedic hospital (handed over to the State government), a homeopathic hospital and runs a diagnostic centre with state-of-the art medical equipment for X-ray, sonography and laboratory tests at subsidised rates.
The samiti has 21 executive members, 100 general/voluntary members and 200 salaried employees. It now has branches in other cities like Delhi, Mumbai, Jaipur, Kolkata, Bangalore and Hyderabad.

Kuchaman Vikas Samiti also has branches following branches in India :-

Kuchaman Vikas Samiti – Kuchaman City
Kuchaman Vikas Samiti - Mumbai
Kuchaman Vikas Samiti - Delhi
Kuchaman Vikas Samiti, Bengaluru
Kuchaman Vikas Samiti - Ichalkaranji
 Kuchaman Vikas Samiti - Jaipur
Kuchaman Vikas Samiti - Ahmedabad
Kuchaman Vikas Samiti - Kolkata
Kuchaman Vikas Samiti - Hyderabad



List of Institutions run by Kuchaman Vikas Samiti : -

1. Adarsh Bal Mandir, Kuchaman City
2. Vikas Vidya Mandir, Kuchaman City
3. Kuchaman College, Kuchaman City
4. B.R. Kabra Mahila Shikshak Prashikshan Mahavidhyalaya, Kuchaman City
5. B.K. Birla Industrial Training Center, Kuchaman City
6. K.V.S. public School, Kuchaman City
7. Sarala Birla Kalyan Mandapam, Kuchaman City
8. Basant Kumar Birla Baarat Bhavan, Kuchaman City
9. Ram Jivan Kabra Rog Nidan Kendra, Kuchaman City
10. Kuchaman Library, Kuchaman City



Contact Details of Kuchaman Vikas Samiti :

Kuchaman Vikas Samiti
Vikas Bhawan,
Kapda Market ke Pass,
Kuchamancity,
Nagaur - 341508.
Rajasthan
Contact No: 01586 - 220350, 220034, 220927
Email - kvs_kct@yahoo.com
Mr. Om Prakash Kabra (President, KVS) - 09829235934
Mr. Natwar Lal Bakta - 09414422553

Must Read : Article about Kuchaman Vikas Samiti published in The Hindu News-paper (25.05.13)